वर्षो बाद भी छह सेक्टरों में बाजार नहीं
ग्रेटर नोएडा : शहर के विकास के लिए प्राधिकरण नए सेक्टरों का निर्माण तो करा रहा है, लेकिन वर्षो पूर्व बसाए गए सेक्टरों में बाजार का निर्माण कराने को उदासीन रवैया अपनाए हुए हैं। प्राधिकरण की उदासीनता से छह सेक्टर बाजार की सुविधा से अछूते हैं। बाजार की सुविधा न होने से लोगों को छोटा-छोटा सामान खरीदने के लिए कई किलोमीटर जाना होता है।
प्राधिकरण ने सिग्मा, सेक्टर 36, 37, स्वर्ण नगरी, जीटा, ईटा, पाई, आदि सेक्टरों का निर्माण कराया गया है। सेक्टर में बड़ी संख्या में लोगों ने रहना शुरू कर दिया है। सालों बाद भी मूलभूत सुविधा बाजार के निर्माण पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इन सेक्टरों के विकास पर ध्यान नही देने से सेक्टर के लोगों में प्राधिकरण के प्रति भारी नाराजगी है। स्वर्ण नगरी के राजीव का कहना है प्राधिकरण ने सेक्टर में जल्द ही बाजार की सुविधा देने का वादा किया था। बाजार तो बना दिया, लेकिन उनमें दुकानें नहीं खुल रही हैं। दुकान न खोलने वालों के खिलाफ प्राधिकरण कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। छोटा छोटा सामान लेने के लिए भी चार से पांच किलोमीटर दूर जाना पड़ता है। प्राथमिक सुविधाएं नहीं होने से सेक्टर में नए लोग नहीं आ रहे हैं। सेक्टर में रहने वाले पुराने लोग भी मकानों में ताला बंद कर या किराए पर देकर जा रहे हैं। सेक्टर-36 के महेश भाटी व सुमन का कहना है परिवहन के साधनों की सुविधा नहीं होने से यह दिक्कत और बढ़ जाती है। सब्जी लेने तक के लिए दूर जाना पड़ता है। बाजार अधिक दूर होने के कारण हर बार बाजार जाने पर पैसों का काफी नुकसान होता है। इस लिए एक बार में ही हफ्ते भर का सामान लाना पड़ता है। घर पर अगर कोई मेहमान आ जाए तो सामान लेने के लिए भागना पड़ता है। दिन के वक्त तो किसी तरह काम चल जाता है लेकिन रात होने पर दिक्कत बढ़ जाती है। कई वर्ष बाद भी प्राधिकरण द्वारा सेक्टरों में बाजार की सुविधा पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। जिस कारण सेक्टर के लोगों में प्राधिकरण के प्रति भारी नाराजगी है।
-Dainik Jagran
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